मसर्रतों को ये अहल ए हवस न खो देते

masarraton ko ye ahal

मसर्रतों को ये अहल ए हवस न खो देते जो हर ख़ुशी में तेरे ग़म को भी समो

मुझे सहल हो गईं मंज़िलें वो हवा के रुख़ भी बदल गए

mujhe sahal ho gai

मुझे सहल हो गईं मंज़िलें वो हवा के रुख़ भी बदल गए तेरा हाथ हाथ में आ गया

तुझे क्या सुनाऊँ मैं दिलरुबा तेरे सामने मेंरा हाल है

tujhe kya sunaaoon main

तुझे क्या सुनाऊँ मैं दिलरुबा तेरे सामने मेंरा हाल है तेरी एक निगाह की बात है मेंरी ज़िंदगी

कौन देखेगा भला इस में है रुस्वाई क्या

kaun dekhega bhala is

कौन देखेगा भला इस में है रुस्वाई क्या ख़्वाब में आने की भी तुम ने क़सम खाई क्या,

कभी वो हाथ न आया हवाओं जैसा है

Kabhi wo haath na

कभी वो हाथ न आया हवाओं जैसा है वो एक शख़्स जो सचमुच ख़ुदाओं जैसा है, हमारी शम

ऐ दोस्त कहीं तुझ पे भी इल्ज़ाम न आए

Ae dost kahin tujh

ऐ दोस्त कहीं तुझ पे भी इल्ज़ाम न आए इस मेरी तबाही में तेरा नाम न आए, ये

इश्क़ कर के देख ली जो बेबसी देखी न थी

ishq kar ke dekh

इश्क़ कर के देख ली जो बेबसी देखी न थी इस क़दर उलझन में पहले ज़िंदगी देखी न

ज़िंदगी को न बना लें वो सज़ा मेरे बाद

zindagi ko na bana

ज़िंदगी को न बना लें वो सज़ा मेरे बाद हौसला देना उन्हें मेरे ख़ुदा मेरे बाद, कौन घूँघट

जब से तू ने मुझे दीवाना बना रखा है

jab se tu ne

जब से तू ने मुझे दीवाना बना रखा है संग हर शख़्स ने हाथों में उठा रखा है,

दिल की हर बात तेरी मुझ को बता देती है

dil ki har baat

दिल की हर बात तेरी मुझ को बता देती है तेरी ख़ामोश नज़र मुझ को सदा देती है,