उस को जुदा हुए भी ज़माना बहुत हुआ

usko-juda-hue-zamana

उस को जुदा हुए भी ज़माना बहुत हुआअब क्या कहें ये क़िस्सा पुराना बहुत हुआ, ढलती न थी

वो दिल ही क्या तेरे मिलने की जो दुआ न करे

wo dil hi kya

वो दिल ही क्या तेरे मिलने की जो दुआ न करेमैं तुझको भूल के ज़िंदा रहूँ ख़ुदा न

दिल में न हो जुरअत तो मोहब्बत नहीं मिलती

dil me n ho

दिल में न हो जुरअत तो मोहब्बत नहीं मिलतीख़ैरात में इतनी बड़ी दौलत नहीं मिलती , कुछ लोग

तेरे इश्क़ की इंतिहा चाहता हूँ

tere-ishq-ki-inteha

तेरे इश्क़ की इंतिहा चाहता हूँमेरी सादगी देख क्या चाहता हूँ, सितम हो कि हो वादा ए बे

सितारों से आगे जहाँ और भी हैं

sitaro-se-aage-jahan

सितारों से आगे जहाँ और भी हैंअभी इश्क़ के इम्तिहाँ और भी हैं, तही ज़िंदगी से नहीं ये

मुहब्बत की झूठी अदाओं पे साहब

Mohabbat ki jhuthi adaaon

मुहब्बत की झूठी अदाओं पे साहबजवानी लुटाने की कोशिश न करना, बड़े बेमुरौत होते है ये हुस्न वालेकही

तड़पता हूँ मैं लैल ओ नहार

tadapta hoon main lail

तड़पता हूँ मैं लैल ओ नहारलम्हा भर वो भी तड़पती होगी दुआओं में वो भी ख़ुदा सेकोई फ़रियाद