भूली हुई सदा हूँ मुझे याद कीजिए…

bhuli hui sada hoo mujhe

भूली हुई सदा हूँ मुझे याद कीजिए तुम से कहीं मिला हूँ मुझे याद कीजिए, मंज़िल नहीं हूँ

ग़म के मुजरिम ख़ुशी के मुजरिम हैं…

gam ke muzrim khushi ke

ग़म के मुजरिम ख़ुशी के मुजरिम हैं लोग अब ज़िंदगी के मुजरिम हैं, और कोई गुनाह याद नहीं

सोहनी धरती के रखवाले ये प्यारे खाक़ी वर्दी वाले…

pyare khaqi vardi wale

सोहनी धरती के रखवाले ये प्यारे खाक़ी वर्दी वाले, हर बाप का फ़ख्र ओ गुरुर है ये हर

हारे हुए नसीब का मयार देख कर

haare-hue-nasib-ka

हारे हुए नसीब का मयार देख कर वो चल पड़ा है इश्क़ का अख़बार देख कर, आयेंगी काम

अज़ब ही मेरे मुल्क की कहानी है…

azab-hi-mere-mulq

अज़ब ही मेरे मुल्क की कहानी है यहाँ सस्ता खून पर महँगा पानी है, खिले है फूल कागज़

छोड़ के सब कुछ फक़त तुम इन्सान बनो…

achcha insan bano

बना के भेजा था उस रब ने अपना तर्जुमान तुम्हे छोड़ के सब कुछ फक़त तुम इन्सान बनो,

उसमें कोई रईस मुज़रिम था

usme koi raies muzrim

उसमें कोई रईस मुज़रिम था जो कहानी नहीं सुनाई गई, एक मय्यत ज़मीं तले उतरी एक मय्यत नहीं

दुआ तो दूर है अबतक सलाम आया नहीं…

teri taraf se koi bhi pyam

तेरी तरफ से कोई भी पयाम आया नहीं दुआ तो दूर है अबतक सलाम आया नहीं, मुझे तो

तुम्हारी सोच, तुम्हारे गुमाँ से बाहर हम

tumhari-soch-tumhare-gumaan

तुम्हारी सोच, तुम्हारे गुमाँ से बाहर हम खड़े हुए है सफ ए दोस्तां से बाहर हम, हमें ही

पूछो अगर तो करते है इन्कार सब के सब

pucho-agar-to-karte

पूछो अगर तो करते है इन्कार सब के सब सच ये कि है हयात से बेज़ार सब के